Himachal Sharma Gwalior Fraud : ग्वालियर : ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने एक ऐसे शातिर अपराधी को पकड़ने में सफलता हासिल की है, जिसने टूर एंड ट्रेवल्स संचालकों और आम लोगों की रातों की नींद उड़ा दी थी। आरोपी हिमाचल शर्मा, जो पटेल नगर (सिटी सेंटर) का रहने वाला है, उसे पुलिस ने जयपुर से गिरफ्तार किया है। आरोपी ने खुद को पुलिस सब-इंस्पेक्टर बताकर 42 से अधिक लोगों से उनकी महंगी गाड़ियां, ट्रैक्टर-ट्रॉली और डंपर हड़प लिए थे।
ठगी का तरीका: वर्दी का रसूख और मोटा किराया
हिमाचल शर्मा पुलिस सब-इंस्पेक्टर की वर्दी पहनकर लोगों पर प्रभाव डालता था। उसने वाहन मालिकों को झांसा दिया कि उनकी गाड़ियां अच्छे किराए पर सरकारी या निजी प्रोजेक्ट्स में लगवाई जाएंगी। किराए के लालच में आकर लोगों ने अपनी SUV, लग्जरी कारें, ट्रक और डंपर उसे सौंप दिए। विश्वास जीतने के बाद आरोपी ने वाहनों से जीपीएस (GPS) सिस्टम हटा दिया और उन्हें शहर से बाहर ले जाकर खुर्द-बुर्द करना शुरू कर दिया।
जयपुर में बनाया नया ठिकाना
जब वाहन मालिकों ने सर्विस के लिए गाड़ियां मांगी या किराया न मिलने पर शिकायत की, तो हिमाचल शर्मा फरार हो गया। एसपी धर्मवीर सिंह के पास जब 42 पीड़ितों ने एक साथ पहुँचकर शिकायत की, तो मामले की गंभीरता को देखते हुए क्राइम ब्रांच को सक्रिय किया गया। तकनीकी सर्विलांस के आधार पर पुलिस ने उसे जयपुर से लोकेट कर गिरफ्तार किया।
फरीदाबाद कनेक्शन और करोड़ों का घालामाला
शुरुआती पूछताछ में पता चला है कि आरोपी हिमाचल शर्मा फरीदाबाद के एक व्यक्ति के साथ मिलकर इन गाड़ियों को ठिकाने लगाता था। वह पहले भी फर्जी सूबेदार बनकर ठगी करने के मामले में जेल जा चुका है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया है ताकि करोड़ों के इन वाहनों की बरामदगी की जा सके।
नागेंद्र सिंह सिकरवार, सीएसपी, ग्वालियर











