हेमंत वर्मा/राजनांदगांव : छत्तीसगढ़ राज्य गठन के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में मंगल भवन शासकीय प्राथमिक शाला मैदान मोतीपुर में एक दिवसीय जिला स्तरीय नि:शुल्क आयुष स्वास्थ्य मेला एवं व्यंजन प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। संचालनालय आयुष छत्तीसगढ़, रायपुर के निर्देशानुसार डॉ. शिल्पा मिश्रा, जिला आयुष अधिकारी के मार्गदर्शन में आयुर्वेद, होम्योपैथी, यूनानी एवं योग चिकित्सा पद्धति से स्वास्थ्य जांच और औषधियों का वितरण किया गया।
कार्यक्रम की मुख्य झलक:
कार्यक्रम में महावीर कॉलेज ऑफ आयुर्वेद सांईस सुंदरा, राजनांदगांव के छात्रों द्वारा स्वास्थ्य जागरूकता पर आधारित नुक्कड़ नाटक का प्रदर्शन किया गया। इसके अलावा योगा वेलनेस सेंटर और आयुष्मान आरोग्य मंदिर, पदुमतरा के माध्यम से बच्चों और महिलाओं ने योग और नृत्य प्रतियोगिता में भाग लिया।
Read More : CG News : राजधानी रायपुर के सरस मेले में अधिकारी पर महिलाओं से मारपीट और बदसलूकी का आरोप, निलंबन की मांग
मुख्य अतिथि का दृष्टिकोण:
महापौर श्री मधुसूदन यादव ने मेले का अवलोकन करते हुए कहा कि आज पूरी दुनिया में एलोपैथी से हटकर आयुर्वेद और योग को बढ़ावा मिल रहा है। उन्होंने बताया कि पहले लोग इलाज के लिए केरल, बैंगलोर और हैदराबाद जाते थे, लेकिन अब पंचकर्म की सुविधा इसी शिविर में उपलब्ध कराई जा रही है। महापौर ने यह भी कहा कि आयुर्वेद केवल इलाज नहीं, बल्कि स्वस्थ व्यक्ति को बीमार न होने देने की प्रणाली है, जिसमें दिनचर्या, ऋतुचर्या और प्राणायाम शामिल हैं।
स्वास्थ्य जांच और लाभार्थी संख्या:
जिला आयुष अधिकारी डॉ. शिल्पा मिश्रा ने बताया कि शिविर में:
- आयुर्वेद पद्धति से 1559 रोगियों का उपचार,
- होम्योपैथी से 638 रोगियों,
- यूनानी पद्धति से 306 रोगियों,
- योग चिकित्सा द्वारा 164 व्यक्तियों को योगाभ्यास कराया गया।
विशेष कार्यक्रम:
- 0-16 वर्ष के 95 बच्चों को स्वर्णप्राशन औषधियां दी गईं।
- कुल 2762 मरीजों को नि:शुल्क चिकित्सा और औषधियां प्रदान की गई।
- 96 पुरुष और 128 महिला रोगियों को पंचकर्म (स्नेहन एवं स्वेदन) की सुविधा।
- उपस्थित सभी नागरिकों को आयुष काढ़ा वितरित किया गया।
- लगभग 700 रोगियों का रक्त परीक्षण (शुगर और एचबी) भी किया गया।
शिविर ने जिले के नागरिकों को स्वास्थ्य, आयुष जागरूकता और प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति की दिशा में महत्वपूर्ण लाभ पहुँचाया।











