Balod News : केपी चंद्राकर /बालोद: बालोद जिला के ग्राम बेलौदी में छत्तीसगढ़ हरियाली समिति के तत्वावधान पर एक वृहद पौधरोपण अभियान का आयोजन किया गया। इस अभियान में ग्राम विकास समिति, ग्राम पंचायत और समस्त ग्रामीणों के सहयोग से हरियाली ग्राउंड में अब तक लगभग 300 विविध प्रजातियों के पौधे रोपे जा चुके हैं। इस नेक पहल का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, हरियाली को बढ़ावा देना और भावी पीढ़ियों के लिए एक स्वच्छ और हरा-भरा वातावरण सुनिश्चित करना है।छत्तीसगढ़ हरियाली समिति के प्रमुख सदस्य कामता प्रसाद हिरवानी ने बताया कि इस अभियान के तहत विभिन्न प्रकार के पौधे रोपे गए.
Balod News : जिनमें नीलगिरी, नीम, पीपल, जामुन, बरगद, सागौन, चंदन, प्लेटफार्म, अमलतास और कचनार जैसे पेड़ शामिल हैं। ये पौधे न केवल पर्यावरण को संतुलित रखने में मदद करेंगे, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में छायादार वृक्षों की उपलब्धता, औषधीय गुणों और फलदायी पेड़ों के माध्यम से स्थानीय समुदाय को लाभ भी पहुंचाएंगे।इस पौधरोपण अभियान में ग्राम बेलौदी के निवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। ग्रामीणों ने न केवल श्रमदान किया, बल्कि इस कार्य को सामुदायिक एकता और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक बनाया। इस अवसर पर अजय कुमार, राघवेंद्र, सुनील कुमार, कुलेश्वर, कुणाल, खूबलाल, खिलेश्वर, भेखलाल, केवल, हेमेंद्र कुमार, हीरालाल, होमेश्वर, आशीष साहू, शेखर साहू, देवेंद्र कुमार, डेमन लाल, मेघराज ,नीलम साहू सहित कई अन्य ग्रामीणों ने सक्रिय रूप से योगदान दिया। इन सभी ने एकजुट होकर पौधरोपण के साथ-साथ पौधों की देखभाल और उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया।कामता प्रसाद हिरवानी ने बताया कि यह अभियान केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इन पौधों को जीवित रखने और उनके विकास को सुनिश्चित करने के लिए समिति द्वारा नियमित देखभाल और निगरानी की जाएगी। इसके लिए ग्राम पंचायत और ग्राम विकास समिति के साथ मिलकर एक दीर्घकालिक योजना तैयार की गई है। इस योजना के तहत पौधों को पानी देने, उनकी सुरक्षा करने और खाद देने जैसे कार्यों को समुदाय के सहयोग से किया जाएगा।
Balod News : इस अभियान की खास बात यह रही कि इसमें सभी आयु वर्ग के लोग शामिल हुए। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, सभी ने पर्यावरण संरक्षण के इस पुनीत कार्य में हिस्सा लिया। ग्रामीणों का मानना है कि पौधरोपण न केवल पर्यावरण को स्वच्छ रखता है, बल्कि यह सामाजिक एकता को भी मजबूत करता है। पौधरोपण के दौरान आपसी सहयोग और सामुदायिक भावना का शानदार प्रदर्शन देखने को मिला।ग्राम पंचायत के प्रतिनिधियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि बेलौदी गांव पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में एक मिसाल कायम कर रहा है। उन्होंने बताया कि हरियाली ग्राउंड को और अधिक विकसित करने की योजना है, ताकि यह एक हरित उद्यान के रूप में स्थापित हो सके।
Balod News : इस उद्यान में भविष्य में और अधिक पौधे रोपे जाएंगे, साथ ही इसे ग्रामीणों के लिए एक मनोरंजन और शैक्षिक स्थल के रूप में भी उपयोग किया जाएगा।छत्तीसगढ़ हरियाली समिति के इस प्रयास को देखकर अन्य गांवों के लोग भी प्रेरित हो रहे हैं। समिति के सदस्यों का कहना है कि उनका लक्ष्य पूरे क्षेत्र में हरियाली को बढ़ावा देना और पर्यावरण के प्रति जागरूकता फैलाना है। इसके लिए वे समय-समय पर जागरूकता शिविर, पौधरोपण अभियान और पर्यावरण संरक्षण से संबंधित अन्य गतिविधियों का आयोजन करते रहेंगे।
Balod News : यह पौधरोपण अभियान न केवल पर्यावरण के लिए लाभकारी है, बल्कि यह सामुदायिक विकास और सामाजिक एकता का भी प्रतीक है। बेलौदी के ग्रामीणों ने अपने इस प्रयास से यह साबित कर दिया कि छोटे-छोटे कदम मिलकर बड़े बदलाव ला सकते हैं। इस तरह के प्रयास न केवल वर्तमान पीढ़ी के लिए, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी एक स्वस्थ और हरा-भरा भविष्य सुनिश्चित करेंगे।
Balod News : यह अभियान पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है और उम्मीद की जाती है कि बेलौदी का यह प्रयास अन्य गांवों और समुदायों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा। छत्तीसगढ़ हरियाली समिति और बेलौदी के ग्रामीणों का यह प्रयास निश्चित रूप से सराहनीय है और यह दर्शाता है कि सामूहिक प्रयासों से पर्यावरण को बेहतर बनाया जा सकता है।











