Wednesday, August 19, 2026
Home Chhattisgarh Raigarh Farmer Protest : धान खरीदी की मांग को लेकर नवापारा टेंडा...

Raigarh Farmer Protest : धान खरीदी की मांग को लेकर नवापारा टेंडा में किसानों का चक्का जाम; तहसीलदार के आश्वासन के बाद खुला मार्ग

Raigarh Farmer Protest : घरघोड़ा (रायगढ़): छत्तीसगढ़ में धान खरीदी के बीच रकबा और पैदावार की विसंगतियों को लेकर किसानों का गुस्सा फूटने लगा है। घरघोड़ा तहसील के ग्राम नवापारा टेंडा स्थित धान उपार्जन केंद्र में अनवरी रिपोर्ट (Girdawari Report) से अधिक धान की खरीदी नहीं किए जाने से नाराज सैकड़ों किसानों ने सोमवार को मंडी परिसर के सामने मुख्य मार्ग पर चक्का जाम कर दिया। किसानों के इस उग्र प्रदर्शन के कारण छाल–घरघोड़ा मुख्य मार्ग पर करीब एक घंटे तक वाहनों के पहिए थमे रहे।

अनवरी रिपोर्ट और वास्तविक पैदावार का विवाद

आंदोलनकारी किसानों का आरोप है कि खेतों में धान की वास्तविक पैदावार अनवरी रिपोर्ट (राजस्व रिकॉर्ड) में दर्ज मात्रा से कहीं अधिक है। प्रशासन द्वारा केवल रिकॉर्ड के आधार पर सीमित धान खरीदा जा रहा है, जिससे किसानों के पास काफी मात्रा में अधिशेष धान बच रहा है। किसानों ने मांग की कि उनकी पूरी उपज की खरीदी सुनिश्चित की जाए, अन्यथा उन्हें भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ेगा।

सड़क पर लगी वाहनों की लंबी कतारें

अचानक हुए चक्का जाम से छाल और घरघोड़ा को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर दोनों ओर ट्रकों और बसों की लंबी कतारें लग गईं। आवश्यक सेवाओं और राहगीरों को इस दौरान काफी मशक्कत करनी पड़ी। मौके पर तनाव की स्थिति को देखते हुए भारी पुलिस बल भी तैनात किया गया था।

प्रशासनिक दखल के बाद सुलझा मामला

सूचना मिलते ही घरघोड़ा तहसीलदार मनोज कुमार गुप्ता और नायब तहसीलदार सहोदर राम पैंकरा दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने सड़क पर बैठे किसानों के बीच जाकर उनसे चर्चा की। तहसीलदार ने समिति प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिए कि खरीदी प्रक्रिया में किसानों को अनावश्यक परेशान न किया जाए। उन्होंने किसानों को आश्वस्त किया कि उनकी वास्तविक समस्याओं को उच्चाधिकारियों के समक्ष रखा जाएगा और नियमानुसार समाधान निकाला जाएगा।

प्रशासनिक आश्वासन के बाद किसान सहमत हुए और चक्का जाम समाप्त किया गया। मार्ग बहाल होने के बाद यातायात सामान्य हुआ। हालांकि, किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी उपज की सुचारू खरीदी शुरू नहीं हुई, तो वे पुनः उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here