rewa news : रीवा: संजय गांधी अस्पताल में शनिवार की दोपहर एमएलसी से जुड़े दो अलग-अलग मामलों में मरीजों के शव उनके परिजन नियम कानून को ताक पर रखते के बाद जबरन वाहन में रखकर अपने साथ ले गए, नियम के मुताबिक मेडिको लीगल केस से जुड़े इन दोनों ही मामलों में शवों का पीएम होना था.
इस दौरान श्याम शाह मेडिकल कॉलेज में करोड़ों रुपए का सुरक्षा ठेका लेने वाली कंपनी हाइट्स के कर्मचारी परिजनों को शव ले जाने से रोकने की बजाय तमाशा देखते रहे बताया गया है कि 27 दिसंबर को मैहर जिले के ताला थाना क्षेत्र से 16 वर्षीय किशोरी भारती पटेल पिता बसंत लाल को करंट लगने की वजह से और सानिया पुत्री फिरोज शेख 5 वर्ष निवासी निपानिया थाना कोतवाली जिला रीवा को अज्ञात कारणों के चलते एमएलसी संबंधित होने के कारण संजय गांधी अस्पताल लाया गया था।
rewa news :जहां दोनों की मृत्यु होने पर परिजनों ने न सिर्फ शव का पीएम कराने से इनकार किया बल्कि शवों को लेकर डॉक्टरों को धमकाते हुए अस्पताल से भाग निकले वही इन दोनों घटनाक्रमों को लेकर अस्पताल अधीक्षक डॉक्टर राहुल मिश्रा का कहना है कि परिजनों द्वारा दो शवों को लेकर भागने की सूचना प्राप्त हुई है पुलिस को जानकारी दे दी गई है शवों को रिकवर करना एसजीएमएच चौकी सहित अमहिया पुलिस की जिम्मेवारी है इसमें अस्पताल प्रबंधन कुछ नहीं कर सकता।











