CG POLITICS : किसान के गला काटने पर गरमायी राजनीति, पूर्व सीएम बघेल ने कहा…..सरकार की किसान विरोधी नीति का शिकार हो रहे किसान, घायल किसान से मिलने पहुंचा कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल

Sanjay Sahu
CG POLITICS

CG POLITICS : रायपुर। धान नही बेच पाने से परेशान किसान के आत्महत्या की कोशिश की घटना के बाद सूबे की राजनीति गरमा गयी है। रायपुर के अंबेडकर अस्पताल में भर्ती घायल किसान से मिलने कांग्रेस का प्रतिनिधमंडल पहुंचा। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, दीपक बैज और चरणदास महंत ने किसान परिवार से मुलाकात की। इस मामले पर भूपेश बघेल सरकार को घेरते हुए कहा कि….“किसान सरकार की किसान विरोधी नीतियों का शिकार हो रहे हैं। पूरे प्रदेश में धान खरीदी की व्यवस्था अस्त-व्यस्त है और किसान इस व्यवस्था को बर्दाश्त नहीं कर पा रहे हैं।”

CG POLITICS : गौरतलब है कि महासमुंद जिला के बागबहरा क्षेत्र में रहने वाले किसान मनबोध गाड़ा ने खुद का गला काटकर आत्महत्या की कोशिश की थी। परिवार ने आरोप लगाया था कि मनबोध पिछले दो दिनों से च्वाइस सेंटर जाकर धान बेचने के लिए टोकन प्राप्त करने की कोशिश कर रहे थे। लेकिन आन लाइन में उनका नाम नही दिखने पर टोकन नही कट पा रहा था। इसी बात से क्षुब्ध होकर किसान ने ब्लेड से खुद का गला रेतकर आत्महत्या की कोशिश की थी। घटना के बाद किसान को प्राथमिक उपचार के बाद रायपुर के मेकाहारा अस्पताल रिफर कर दिया गया। जहां पीड़ित किसान परिवार से मिलने कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल पहुंचा। पूर्व सीएम बघेल प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज और नेता प्रतिपक्ष डाॅ.चरणदास महंत ने किसान परिवार से मुलाकात की। इस दौरान पूर्व सीएम ने सरकार पर जमकर हमला बोला।

CG POLITICS : किसान परिवार से मिलने अस्पताल पहुंचे भूपेश बघेल ने कहा कि….प्रदेश के अधिकांश खरीदी केंद्रों पर बारदाने की कमी, तौल में गड़बड़ी और वजन घटतौली जैसी समस्याएं आम हो गई हैं। इसके अलावा, धान के लिए की जाने वाली वसूली भी विवाद का कारण बनी हुई है। बघेल ने आरोप लगाया कि प्रदेश में आज सबसे बड़ी समस्या किसानों को टोकन को लेकर हो रही है। ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों में किसान अपने टोकन नहीं कटवा पा रहे हैं और खरीदी की सीमा कम होने से स्थिति और जटिल हो गई है।

CG POLITICS : इसी कारण महासमुंद के बागबाहरा के मनबोध गाड़ा लगातार चॉइस सेंटर और समिति के चक्कर लगाते रहे, लेकिन टोकन नही मिलने के कारण उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया। मनबोध के पास केवल 1 एकड़ 40 डिसमिल खेत है। भूपेश बघेल ने कहा कि…..यह सरकार के लिए करारा तमाचा है और पहली बार ऐसा हुआ है कि किसान को अपने गले को नुकसान पहुंचाने तक मजबूर होना पड़ा।इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने अस्पताल में भर्ती मनबोध गाड़ा के परिवार से मुलाकात की और उनके इलाज और परिवार की हर संभव मदद का भरोसा दिया। बताया जा रहा है कि चिंताजनक हालत में रायपुर के मेकाहारा पहुंचे किसान मनबोध का ऑपरेशन किया गया है और डॉक्टर किसान की लगातार निगरानी कर रहे हैं।

Share The News
Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *