National Health Mission : रायपुर। छत्तीसगढ़ प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) कर्मचारी संघ ने राज्य सरकार से आग्रह किया है कि वह तत्काल हस्तक्षेप कर प्रदेश के 16,000 से अधिक संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों के वेतन का भुगतान सुनिश्चित करे, जो विगत दो माह से अधिक समय से लंबित है। वेतन न मिलने के कारण कर्मचारी गंभीर सामाजिक और आर्थिक कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं।
आर्थिक तंगी से जूझ रहे कर्मचारी
संघ द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार, वेतन का नियमित भुगतान न होने से कर्मचारियों के लिए परिवार का भरण-पोषण, बच्चों की शिक्षा, घर का किराया/बैंक किस्त और आवश्यक दैनिक ज़रूरतों को पूरा करना अत्यंत कठिन हो गया है। इस स्थिति ने एनएचएम कर्मचारियों में भारी असंतोष और मानसिक तनाव पैदा कर दिया है।
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आश्वासन के बावजूद बहाली आदेश लंबित
कर्मचारी संघ ने हाल ही में हुए अपने आंदोलन का ज़िक्र करते हुए कहा कि, आंदोलन की समाप्ति मुख्यमंत्री, माननीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के सार्वजनिक आश्वासनों के आधार पर की गई थी। इन शीर्ष नेतृत्वों ने सेवा से पृथक किए गए सभी कर्मचारियों की निःशर्त बहाली का स्पष्ट आश्वासन दिया था और इस विषय पर शीघ्र निर्णय लेने की सहमति बनी थी।
संघ के प्रदेश प्रवक्ता पुरन दास ने खेद व्यक्त करते हुए कहा, “आंदोलन सरकार के साथ सकारात्मक चर्चा, विश्वास और सद्भावना के आधार पर समाप्त किया गया था। किंतु दो माह से अधिक समय बीत जाने और तीन कैबिनेट बैठकें हो जाने के बावजूद, अब तक बहाली आदेश जारी नहीं किया गया है। यह आश्वासन पूरा न होना अत्यंत खेदजनक है और कर्मचारियों के हितों के विपरीत है।”
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कर्मचारियों की प्रमुख माँगें
छत्तीसगढ़ प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ की प्रमुख माँगें निम्नलिखित हैं:
- दो माह से लंबित वेतन का तत्काल और पूर्ण भुगतान किया जाए।
- आंदोलन के दौरान सेवा से पृथक किए गए सभी कर्मचारियों की तत्काल एवं निःशर्त बहाली की जाए।
मुख्यमंत्री को सौंपा जा रहा है ज्ञापन
प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अमित कुमार मिरी एवं प्रदेश महासचिव कौशलेश तिवारी ने जानकारी दी कि राज्यभर के 16,000 से अधिक एनएचएम स्वास्थ्य कर्मचारी इन मांगों को लेकर आज से अपने-अपने जिलों में कलेक्टर के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंप रहे हैं, ताकि शासन को उनकी समस्याओं और आक्रोश से अवगत कराया जा सके। संघ ने उम्मीद जताई है कि सरकार कर्मचारियों की गंभीर आर्थिक स्थिति को समझते हुए जल्द से जल्द सकारात्मक कार्रवाई करेगी।











