नई दिल्ली। Nishaanebaz.com-UPI Payment Record: डिजिटल पेमेंट के तेजी से बढ़ते दौर में यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) ने आम जनता के दैनिक वित्तीय लेन-देन को बेहद आसान और सुलभ बना दिया है। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा जारी नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, अगस्त 2026 के महीने में भारतीय नागरिकों ने यूपीआई के माध्यम से कुल 29.82 लाख करोड़ रुपये का रिकॉर्ड डिजिटल लेन-देन किया है। इन आंकड़ों से साफ जाहिर होता है कि देश में अब लोग नकद राशि (कैश) साथ रखने के बजाय हर छोटे-बड़े भुगतान के लिए डिजिटल माध्यमों को प्राथमिकता दे रहे हैं।
एनपीसीआई (NPCI) ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर जुलाई और अगस्त महीने में हुए यूपीआई ट्रांजैक्शन के विस्तृत आंकड़े साझा किए हैं। जारी रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई 2026 में देश भर में रोजाना औसतन 76.32 करोड़ (763.2 मिलियन) यूपीआई ट्रांजैक्शन दर्ज किए गए थे, जिनकी कुल संख्या पूरे महीने में 23.66 अरब रही। जुलाई के महीने में यूपीआई के माध्यम से कुल 29.88 लाख करोड़ रुपये का वित्तीय लेन-देन संपन्न हुआ था।
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अगस्त 2026 के आंकड़ों की तुलना करें तो इसमें यूपीआई के दैनिक उपयोग में अभूतपूर्व वृद्धि देखी गई है। अगस्त में रोजाना औसतन 79.06 करोड़ (790.6 मिलियन) ट्रांजैक्शन किए गए। पूरे अगस्त महीने में देशवासियों ने कुल 24.51 अरब बार यूपीआई का इस्तेमाल कर 29.82 लाख करोड़ रुपये का कुल भुगतान किया। आंकड़ों में लगातार आ रहा यह उछाल यह साबित करता है कि स्थानीय दुकानदारों से लेकर बड़े व्यावसायिक प्रतिष्ठानों तक अब डिजिटल पेमेंट इकोसिस्टम पूरी तरह स्थापित हो चुका है।
डिजिटल लेन-देन की बढ़ती संख्या के साथ ही एनपीसीआई और वित्तीय विशेषज्ञों ने उपयोगकर्ताओं को ऑनलाइन धोखाधड़ी से सुरक्षित रहने के लिए कुछ बेहद महत्वपूर्ण सावधानियां बरतने की सलाह दी है। उपभोक्ताओं से कहा गया है कि वे अपना यूपीआई पिन (UPI PIN) किसी भी व्यक्ति के साथ साझा न करें। इसके अलावा, कोई भी क्यूआर कोड (QR Code) स्कैन करते समय प्राप्तकर्ता का नाम जरूर जांचें और पैसे भेजने से पहले राशि का पुनः मिलान कर लें। बड़े भुगतान करने की स्थिति में पहले 1 रुपये भेजकर पुष्टि करना सुरक्षित माना जाता है।





