Badrinath Temple Controversy: बदरीनाथ धाम में चंदा चोरी का सनसनीखेज आरोप, मंदिर समिति अध्यक्ष के पीए पर उठी उंगली

Badrinath Temple Controversy: देहरादून/बदरीनाथ: देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में इन दिनों चढ़ावे और वित्तीय प्रबंधन को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। उत्तर प्रदेश के अयोध्या स्थित भव्य राम मंदिर में चढ़ावे (Ram Mandir Donation Row) को लेकर मचे बवाल के बीच, अब उत्तराखंड के विश्वप्रसिद्ध और चारधामों में अग्रणी तीर्थस्थल बदरीनाथ धाम से भी चंदा चोरी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। धार्मिक संगठन ‘भैरव सेना’ ने श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी के निजी सचिव (PA) और कुछ अन्य कर्मचारियों पर सीधे तौर पर चढ़ावे की राशि में हेरफेर करने का गंभीर आरोप लगाया है।

राम मंदिर में SIT जांच तेज, बदरीनाथ में सीसीटीवी ने बढ़ाई मुश्किलें

एक तरफ जहाँ अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी विशेष जांच टीम (SIT) को सरकार की तरफ से जांच पूरी करने के लिए 15 दिन का अतिरिक्त समय दिया गया है, वहीं दूसरी तरफ बदरीनाथ धाम का मामला भी गरमा गया है। भैरव सेना का दावा है कि एक सीसीटीवी (CCTV) फुटेज में मंदिर समिति अध्यक्ष के निजी सहायक और कुछ कर्मचारी संदेहास्पद तरीके से पैसा गिनते हुए दिखाई दे रहे हैं। देहरादून स्थित इस संगठन की शिकायत और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) ने तुरंत उच्च स्तरीय जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।

करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का विषय, दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई: हेमंत द्विवेदी

इस पूरे विवाद पर मंदिर समिति की ओर से त्वरित प्रतिक्रिया आई है। बीकेटीसी के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने मामले की गंभीरता को स्वीकार करते हुए कहा, “समिति ने इन आरोपों को बेहद गंभीरता से लिया है। यह विषय देश-विदेश के करोड़ों श्रद्धालुओं की अटूट आस्था और विश्वास से जुड़ा हुआ है। इसलिए, आरोपों की पूरी तरह से दूध का दूध और पानी का पानी करने के लिए एक निष्पक्ष जांच समिति गठित करने के निर्देश दे दिए गए हैं।” उन्होंने आश्वस्त किया कि यदि जांच में कोई भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कठोरतम दंडात्मक व कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पुराने विवादों की आग में घी का काम कर रहा नया मामला

बदरीनाथ धाम में यह नया वित्तीय विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब मंदिर समिति पहले से ही कई तरह के आरोपों से घिरी हुई है। इससे पहले गर्भगृह की दीवारों पर चढ़ाई गई सोने की प्लेटों का रंग उतरने (Gold Plating Issue), एक रसूखदार पदाधिकारी द्वारा नियमों को ताक पर रखकर अपनी ही पत्नी को मंदिर का कर्मचारी बनाने और मंदिर परिसर में दान के लिए निजी क्यूआर (QR) कोड लगवाने जैसे कई संगीन विवाद पहले ही सुर्खियां बटोर चुके हैं। ऐसे में चढ़ावा चोरी के इस नए आरोप ने आग में घी डालने का काम किया है। हालांकि बीकेटीसी के पदाधिकारियों का कहना है कि संगठन द्वारा अभी कोई ठोस विधिक साक्ष्य पेश नहीं किया गया है, लेकिन पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

Share The News
[youtube_shorts]

Popular News

CG Transfer Breaking : वाणिज्यिक कर विभाग में बड़ा फेरबदल, 21 कर्मचारियों का तबादला

CG Transfer Breaking :रायपुर। राज्य शासन के वाणिज्यिक कर...

Raipur Police Commissioner: IPS डॉ. संजीव शुक्ला ने संभाला पुलिस आयुक्त का पदभार… जानिए क्या कुछ कहा

Raipur Police Commissioner:रायपुर : रायपुर पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली के...

CG Hospital License Cancelled: चिकित्सा के नाम पर मौत का खेल: GPM में दो महिलाओं की जान लेने वाला ‘डी.डी. हॉस्पिटल’ सील, बिना डॉक्टर...

CG Hospital License Cancelled: गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही: छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही (GPM)...

Related Articles

Popular Categories