Mungeli Trade Strike: छत्तीसगढ़ के मुंगेली में सीएमओ के खिलाफ सड़कों पर उतरे व्यापारी, दुकानें बंद कर किया प्रदर्शन

VIKASH KHALKHO

Mungeli Trade Strike: मुंगेली। छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के अंतर्गत आने वाले नगर पंचायत जरहागांव में शुक्रवार को स्थानीय प्रशासन और व्यापारियों के बीच का विवाद गहरा गया है। मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) शुभम बक्तानी की कार्यप्रणाली और बाजार परिसर में व्याप्त अव्यवस्थाओं के विरोध में अटल व्यापारी कल्याण समिति के नेतृत्व में व्यापारियों ने अपनी-अपनी दुकानें पूरी तरह बंद रखीं और सड़क पर बैठकर उग्र धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी व्यापारियों ने नगर पंचायत प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए सीएमओ के तत्काल निलंबन और पूरे मामले की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच कराने की मांग राज्य शासन से की है। इस बंद के कारण पूरे क्षेत्र में व्यावसायिक गतिविधियां ठप रहीं और आम नागरिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।

व्यापारियों का सीधा आरोप है कि नगर पंचायत क्षेत्र के कारोबारियों द्वारा समय-समय पर जनदर्शन सहित विभिन्न प्रशासनिक मंचों के माध्यम से बाजार की बदहाली और अधिकारियों की मनमानी की शिकायतें दर्ज कराई गईं, लेकिन आज तक उनका कोई समाधान नहीं निकाला गया। इसके विपरीत, जायज मांग उठाने वाले छोटे और बड़े व्यापारियों को स्थानीय प्रशासन द्वारा लगातार मानसिक दबाव और प्रताड़ना का सामना करना पड़ रहा है। समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि बीते 28 अप्रैल 2026 को भी दुकानों में हुई कथित अनियमितताओं, लीज डीड और लंबित नामांतरण से जुड़े संवेदनशील मामलों की शिकायत जनदर्शन में की गई थी, मगर नगर पंचायत की सुस्ती के कारण फाइलें जस की तस दबी हुई हैं। कई दुकानों का नामांतरण पिछले पांच वर्षों से जानबूझकर अटकाया गया है।

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मामले ने तूल तब पकड़ा जब व्यापारियों ने अधिकारियों पर पुलिसिया धौंस दिखाने का संगीन आरोप मढ़ दिया। ज्ञापन के अनुसार, 5 जून 2026 की शाम को सीएमओ शुभम बक्तानी अचानक भारी पुलिस बल के साथ बाजार क्षेत्र में धमक पड़े। आरोप है कि कोर्ट और प्रशासन में लंबित मामलों के बावजूद, उन्होंने पुलिस के दम पर व्यापारियों पर जबरन दुकान किराया जमा करने का दबाव बनाया और दुकानें सील करने की धमकी दी। इस घटना के बाद से स्थानीय दुकानदारों में भारी भय और असुरक्षा का माहौल व्याप्त हो गया है, जिसके विरोध में अगले ही दिन पूरा बाजार स्वतः स्फूर्त बंद हो गया। इसके अलावा, सड़क निर्माण के कारण टूटी छह दुकानों के प्रभावितों को अब तक कोई मुआवजा या वैकल्पिक स्थान नहीं दिया गया है, जिससे उनकी आजीविका छिन गई है।

अटल व्यापारी कल्याण समिति के अध्यक्ष गजेंद्र कुमार जायसवाल और सचिव उमेश साहू ने संयुक्त रूप से प्रशासन को छह सूत्रीय मांग पत्र सौंपा है। इसमें सीएमओ शुभम बक्तानी का तुरंत निलंबन, 5 जून की घटना की मजिस्ट्रेट जांच, जांच अवधि तक व्यापारियों पर दंडात्मक कार्रवाई पर रोक, बुनियादी सुविधाओं जैसे बस स्टैंड पर शौचालय, मूत्रालय व शुद्ध पेयजल की व्यवस्था और सुचारू कचरा प्रबंधन शामिल है। व्यापारियों ने दो टूक शब्दों में जिला प्रशासन को चेताया है कि यदि उनकी इन लोकतांत्रिक और वाजिब मांगों पर चौबीस घंटे के भीतर कोई ठोस और संतोषजनक कार्रवाई नहीं की गई, तो इस आंदोलन को पूरे जिले में विस्तारित कर आर्थिक नाकेबंदी की जाएगी।

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विकास कुमार खलखो एक डिजिटल पत्रकार, समाचार संपादक और SEO कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव है। उन्होंने BJMC, Master of Journalism (MJ) और M.Phil. (मीडिया स्टडीज़) की डिग्री हासिल की है और दबंग दुनिया, हमर छत्तीसगढ़ योजना, हरिभूमि, सन स्टार डेली न्यूज़ और छत्तीसगढ़ की आवाज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। उन्हें हिंदी पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज़ कवरेज, SEO-फ्रेंडली कंटेंट राइटिंग, डिजिटल पब्लिशिंग, कंटेंट स्ट्रैटेजी, थंबनेल डिज़ाइन और सोशल मीडिया मैनेजमेंट में विशेष महारत हासिल है। उनका उद्देश्य सटीक, निष्पक्ष और विश्वसनीय पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक प्रभावशाली समाचार पहुँचाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाला डिजिटल कंटेंट तैयार करना है।
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