राजनांदगांव। Nishaanebaz.com-Rajnandgaon Underbridge Accident: पिछले तीन वर्षों से अंडरब्रिज निर्माण पूरा होने की आस लगाए बैठे राजनांदगांव के गौरीनगर और स्टेशनपारा क्षेत्र के निवासियों की परेशानी अब जानलेवा साबित हो गई है। निर्माणाधीन गौरीनगर अंडरब्रिज के पास बने करीब 15 फीट गहरे पानी से भरे गड्ढे में डूबने से 45 वर्षीय संतोष सोनवाने की असमय मौत हो गई। घटना के बाद से स्थानीय लोगों में रेलवे प्रशासन और ठेकेदार के खिलाफ गहरा आक्रोश व्याप्त है।
घटना शुक्रवार दोपहर करीब ढाई बजे की बताई जा रही है। मृतक की पत्नी दुलारी सोनवाने के अनुसार, उनके पति अंडरब्रिज के पास बैठे थे। इसी दौरान अचानक संतुलन बिगड़ने से वे पास ही मौजूद गहरे गड्ढे में जा गिरे। बारिश के कारण गड्ढे में भारी मात्रा में पानी भरा हुआ था, जिससे वे बाहर निकल नहीं पाए और डूबने से उनकी मृत्यु हो गई। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर मर्ग कायम कर लिया है।
6 बच्चों के सिर से उठा पिता का साया
मृतक संतोष सोनवाने मेडिकल कॉलेज पेंड्री में सफाई कर्मी के पद पर कार्यरत थे और अपने पूरे परिवार में एकमात्र कमाने वाले सदस्य थे।
-
परिवार की स्थिति: परिवार में पत्नी के अलावा छह छोटे बच्चे (एक बेटी और पांच बेटे) हैं।
-
आर्थिक तंगी: परिवार गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन कर रहा है और लगभग 15 बाई 15 फीट की एक छोटी सी झोपड़ी में गुजर-बसर करता है।
-
पीएम आवास का इंतजार: परिजनों ने बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए आवेदन दिया था, लेकिन अब तक पक्का मकान नहीं बन सका। संतोष की मौत के बाद परिवार के सामने जीवन-यापन का संकट खड़ा हो गया है।
गड्ढा बना तालाब, सुरक्षा के नहीं थे कोई इंतजाम
घटना के बाद पीड़ित परिजनों का आरोप है कि हादसे के कई घंटों बाद भी रेलवे का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी उनकी सुध लेने नहीं पहुंचा। निर्माण स्थल के आसपास घनी आबादी होने के बावजूद 15 फीट गहरे गड्ढे के चारों ओर बैरिकेडिंग या कोई सुरक्षा घेरा नहीं लगाया गया था। पानी भर जाने के कारण यह गड्ढा तालाब का रूप ले चुका था, जिससे बड़े हादसे की आशंका पहले से बनी हुई थी।
Read More : Bhopal Daughter Murder Case: बॉयफ्रेंड से बात करती थी बेटी, मां-मामा ने गला दबाकर की हत्या
5 बार हो चुका है जन-आंदोलन
गौरीनगर और स्टेशनपारा अंडरब्रिज का निर्माण कार्य पिछले तीन सालों से अधूरा लटका हुआ है, जिससे क्षेत्र की लगभग 50 हजार से अधिक आबादी आए दिन समस्याओं से जूझ रही है।
Read More : Bhilai Crime: लिफ्ट मांगने पर हुआ विवाद, युवक को चाकू मारा; इलाज के दौरान मौत
स्थानीय रहवासियों और कांग्रेस नेताओं द्वारा काम पूरा कराने की मांग को लेकर अब तक 5 बार बड़ा आंदोलन किया जा चुका है, लेकिन इसके बावजूद काम में तेजी नहीं लाई गई। कांग्रेस नेता हफीज खान ने इस हादसे के लिए रेलवे की घोर लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए पीड़ित परिवार को तुरंत भारी मुआवजा और आर्थिक सहायता देने की मांग की है।





