Lormi Crime: लोरमी /चिल्फी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल (भा.पु.से.) के निर्देशन में जिले में अवैध शराब एवं नशीले पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन बाज” के तहत साइबर सेल एवं थाना चिल्फी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने ग्राम बोड़तरा कला में अवैध रूप से देशी शराब बिक्री करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 291 पाव देशी प्लेन शराब जब्त की है।
बोरी में छिपाकर रखी थी शराब
पुलिस के अनुसार 21 अगस्त को मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम बोड़तरा कला निवासी सुखनंदन जायसवाल अपनी पूजा जनरल किराना दुकान की परछी में भारी मात्रा में देशी शराब रखकर ग्राहकों को बेच रहा है। सूचना मिलते ही साइबर सेल एवं थाना चिल्फी की टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और आरोपी को हिरासत में लिया।
तलाशी के दौरान दुकान की परछी में रखी तीन बोरियों की जांच की गई। इनमें दो बोरियों में 100-100 नग तथा तीसरी बोरी में 91 नग देशी प्लेन शराब मिली। पुलिस ने कुल 291 पाव (प्रत्येक 180 एमएल) शराब जब्त की, जिसकी कुल मात्रा 52.38 बल्क लीटर और अनुमानित कीमत 23,280 रुपये है। इसके अलावा शराब बिक्री से प्राप्त 300 रुपये नगद भी बरामद किए गए।
आबकारी एक्ट के तहत कार्रवाई
आरोपी सुखनंदन जायसवाल पिता स्व. सेवाराम, उम्र 46 वर्ष, निवासी बोड़तरा कला, थाना चिल्फी, जिला मुंगेली के खिलाफ थाना चिल्फी में अपराध क्रमांक 115/26 दर्ज कर धारा 34(2), 59(क) आबकारी एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
ऑपरेशन बाज के तहत लगातार कार्रवाई
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के निर्देशन में जिले में अवैध शराब के कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। 1 जनवरी 2026 से 20 अगस्त 2026 तक ऑपरेशन बाज के तहत अवैध शराब के 302 प्रकरणों में 308 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इस दौरान पुलिस ने कुल 685.09 बल्क लीटर शराब, जिसकी अनुमानित कीमत 2,68,922 रुपये है, जब्त की है। कार्रवाई में 27 मोटरसाइकिल एवं एक चारपहिया वाहन भी जब्त किया गया है।
इनकी रही महत्वपूर्ण भूमिका
Lormi Crime: कार्रवाई में थाना चिल्फी प्रभारी निरीक्षक रघुवीर लाल चंद्रा, साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक सत्येन्द्रपुरी गोस्वामी, सउनि मनकराम ध्रुव, संतोष लोधी, प्रधान आरक्षक नरेश यादव, शेषनारायण कश्यप, पारस टोण्डे तथा आरक्षक भेषज पाण्डेकर, परमेश्वर जांगड़े, भेलेश्वर जायसवाल एवं मनीष प्रधान की महत्वपूर्ण भूमिका रही।





