Wednesday, August 19, 2026
Home Madhya Pradesh M.P में नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की शानदार शुरुआत, तिलक लगाकर हुआ...

M.P में नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की शानदार शुरुआत, तिलक लगाकर हुआ बच्चों का स्वागत

निशानेबाज न्यूज डेस्क: मध्यप्रदेश में नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की शुरुआत उत्साह, उमंग और नई उम्मीदों के साथ हो गई है। 1 अप्रैल से शुरू हुए इस सत्र के पहले दिन स्कूलों में बच्चों का पारंपरिक तरीके से तिलक लगाकर स्वागत किया गया। पूरे प्रदेश में शिक्षा को लेकर सकारात्मक माहौल देखने को मिला।

स्वागत और उत्सव का माहौल

सत्र के पहले दिन स्कूल परिसरों में बाल सभाओं, सांस्कृतिक गतिविधियों और विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। बच्चों के चेहरों पर नई कक्षाओं और नए दोस्तों को लेकर उत्साह साफ झलक रहा था। कई स्कूलों में माहौल किसी उत्सव से कम नहीं था।

पहले दिन ही मिली पाठ्यपुस्तकें

शिक्षा विभाग ने इस बार सत्र की शुरुआत को व्यवस्थित बनाने के लिए पहले ही दिन विद्यार्थियों को पाठ्यपुस्तकों का वितरण सुनिश्चित किया। इससे बच्चों की पढ़ाई बिना किसी देरी के शुरू हो सकी।

 ‘स्कूल चलें हम’ अभियान की खास पहल

शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए ‘स्कूल चलें हम’ अभियान के तहत 4 अप्रैल को प्रदेशभर के सरकारी स्कूलों में प्रशासनिक अधिकारी कक्षाएं लेंगे।

  • इंदौर: 162 अधिकारी अलग-अलग स्कूलों में पहुंचेंगे
  • भोपाल: 102 स्कूलों में अधिकारी बच्चों से संवाद करेंगे
  • उज्जैन: 106 अधिकारी विद्यार्थियों से जुड़ेंगे

इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा प्रताप नगर स्थित आश्रम क्रमांक-2 में छात्रों के साथ संवाद करेंगे।

विशेष मध्यान्ह भोजन से बढ़ा उत्साह

सत्र के पहले दिन बच्चों के लिए विशेष मध्यान्ह भोजन की व्यवस्था की गई, जिससे उनका उत्साह और बढ़ गया। शिक्षा विभाग द्वारा इन व्यवस्थाओं की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।

नामांकन बढ़ाने पर जोर

सरकारी स्कूलों में नामांकन बढ़ाने के लिए शिक्षकों को घर-घर संपर्क अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। हर स्कूल से शिक्षक अभिभावकों से मिलकर बच्चों को स्कूल में दाखिला लेने के लिए प्रेरित करेंगे।

मेधावी छात्रों के अभिभावकों का सम्मान

पिछले सत्र में 85% से अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों का स्कूल स्तर पर सम्मान किया जाएगा। इसका उद्देश्य छात्रों का मनोबल बढ़ाना और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करना है।

शिक्षा विभाग का बड़ा लक्ष्य

शिक्षा विभाग का उद्देश्य सरकारी स्कूलों को नर्सरी से 12वीं तक निजी स्कूलों के समकक्ष विकसित करना है। इसके लिए सत्र की शुरुआत से ही योजनाबद्ध तरीके से शैक्षणिक गतिविधियों को लागू किया जा रहा है।

Share The News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here